मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस नए प्रणाली का उद्घाटन किया है। इस प्रणाली के माध्यम से 75 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों को घर बैठे भूमि और संपत्ति पंजीकरण की सुविधा मिलेगी। इससे उन्हें पंजीकरण कार्यालय में जाने की आवश्यकता नहीं होगी, लंबी कतारों में खड़े होने की आवश्यकता नहीं होगी, या कठिन यात्रा करने की आवश्यकता नहीं होगी।

इस प्रणाली के माध्यम से नागरिक अपने घर बैठे भूमि और संपत्ति का पंजीकरण कर सकते हैं। उन्हें केवल अपने पहचान पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेजों को जमा करना होगा। इसके बाद, पंजीकरण अधिकारी उनके घर जाकर पंजीकरण कार्य को पूरा करेंगे।

इस प्रणाली का उद्देश्य 75 वर्ष से अधिक आयु के नागरिकों को सुविधा प्रदान करना है। इससे उन्हें अपने घर बैठे पंजीकरण कार्य को पूरा करने में मदद मिलेगी।